एटाल का अध्ययन अनिवार्य एंजियोप्लास्टी से प्रबंधित गंभीर हृदयाघात में इंट्रावेनस इनोक्सापेरिन नतीजे देता है

 
 
31/08/2010 3:23:55:663PM
 
एटाल का अध्ययन अनिवार्य एंजियोप्लास्टी से प्रबंधित गंभीर हृदयाघात में इंट्रावेनस इनोक्सापेरिन नतीजे देता है
पेरिस, 30 अगस्त, पीआरन्यूजवायरएशियानेट
समग्र प्राथमिक एंडप्वाइंटमौत के मामलों में 17 प्रतिशत : आंकड़ा रहित महत्व :, मायोकार्डियल इनफ्रैक्शन की परेशानी, प्रक्रियात्मक विफलता या काफी मात्रा में रक्तस्राव : पी 0.07 के बराबर : के जोखिम में कमी मुख्य द्वितीयक समग्र प्रभावशीलता एंडप्वाइंट : – मौत के मामले में 40 प्रतिशत की कमी, रिकरंट एक्यूट कोरोनरी सिंड्रोम या रिइंटरवेंशन : पी 0.01 के बराबर : एसिस्टेंस पब्लिकहोपिटाक्स डी पेरिस द्वारा प्रायोजित अंतरराष्ट्रीय एटाल अध्ययन बताता है कि प्रारंभिक परक्यूटेनियस कोरोनरी इंटरवेंशन : पीसीआई : से प्रबंधित गंभीर हृदयाघात से पीड़ित मरीजों में स्टैंडर्ड हेपारिन : पी 0.07 के बराबर : से इलाज कराए जाने की तुलना में इनोक्सेपेरिन से मौत की समग्रता, मायोकार्डियल इनफ्रैक्शन, प्रक्रियात्मक विफलता या काफी मात्रा में रक्तस्राव की घटनाओं में 17 प्रतिशत तक कमी आई है
प्रीस्पेशिफायड मुख्य द्वितीयक प्रभावशीलता एंडप्वाइंट दर्शाता है कि इनोक्सापेरिन से उपचार कराए गए मरीजों में मौत की संख्या आश्चर्यजनक रूप से कम हुई है और रिकरंट एक्यूट कोरोनरी सिंड्रोम या अनिवार्य रिवैस्क्यूलराइजेशन में भी कमी आई है एटाल अध्ययन के नतीजे स्वीडन के स्टाकहोम में आयोजित सालाना यूरोपियन कार्डियोलाजी कांग्रेस : ईएससी 2010 : के हाटलाइन सत्र में पेश किए गए
मल्टीमीडिया समाचार विज्ञप्ति देखने के लिए कृपया क्लिक करें : एचटीटीपी : मल्टीवीयू डाट पीआरन्यूजवायर डाट काम, एमएनआर, पीआरएनई, एपीएचपी, 44204 एक्यूट हार्ट अटैक : एसटीईएमआई : के परिणामस्वरूप समग्र रूप से हर तीसरे मरीज की इश्केमिक लक्षणों के आनसेट के बाद पहले 24 घंटे में मौत हो सकती है, जिससे मरीजों के लिए उपयुक्त केयर यूनिट क्रिटिकल में एक्सेस करना अनिवार्य हो जाता है वास्तविक जिंदगी में जीवन मृत्यु दर 30 दिन के अंदर 10 प्रतिशत की दर से बढ़ी रहती है
पेरिस स्थित पिटीसल्पेरियर हास्पिटल में कार्डियक केयर यूनिट : सीसीयू : के प्रमुख प्रोफेसर और एटाल अध्ययन के प्रमुख शोधकर्ता गिल्स मोंटेलेस्काट ने कहा, ‘‘सभी प्रकार के ‘‘हार्ड’’ प्रीस्पेशिफाइड इश्केमिक एवं मृत्यु संबंधी एंडप्वाइंट में यूएफएच पर इनोक्सापेरिन को पसंद किया गया है, इनोक्सापेरिन प्रारंभिक पीसीआई में एक नया विकल्प बनकर उभरा है इमरजेंसी रूम या एंबुलेंस से कैथेटेराइजेशन लेबोरेटरी और फिर कार्डियक केयर यूनिट में एंटीकोगुलेशन मानिटरिंग के बगैर सभी मरीजों के प्रबंधन में इसी प्रकार के एंटीकोगुलेंट की देखभाल की सुविधा प्रदान करते हुए इनोक्सापेरिन उपचार की रणनीति की सुनिश्चित बना रही है और इसे सरल कर रही है ।’’ एसिस्टेंस पब्लिकहोनिटाक्स डी पेरिस द्वारा प्रायोजित अंतरराष्ट्रीय एटाल अध्ययन में 910 ऐसे मरीजों को जोड़ा गया जो हृदयाघात के सर्वाधिक गंभीर रूप एसटीएलिवेटेड मायोकार्डियल इनफ्रैक्शन : एसटीईएमआई : से पीड़ित थे
इन मरीजों को या तो एंटीकोगुलेशन मानिटरिंगडोज समायोजन बगैर 0.5 मिग्रा प्रति किग्रा इनोक्सापेरिस : क्लेक्सेनलोवेनक्स :आर:: के इंट्रावेनस एडमिनिस्ट्रेशन की खुराक दी गई या प्रारंभिक परक्यूटेनियस कोरोनरी इंटरवेंशन से पहले स्टैंडर्ड यूएफएच : अनफ्रैक्शनेटेड हेपारिन : दिया गया, यह प्रक्रिया एंजियोप्लास्टी तथा स्टेंटिंग के तौर पर भी अपनाई गई
बड़ी मात्रा में रक्तस्राव, मुख्य सुरक्षात्मक एंडप्वाइंट के संबंध में दो उपचार समूहों : यूएफएच तथा इनोक्सापेरिन के लिए क्रमश: 4.9 प्रतिशत तथा 4.5 प्रतिशत : में कोई अंतर नहीं देखा गया यही जांच स्थिति आंशिक रक्तस्राव खतरे : यूएफएच से 8.9 प्रतिशत और इनोक्सापेरिन से 7 प्रतिशत : में भी देखी गई
एटाल के बारे में एटाल : जिसमें एक्यूट एसटीईएमआई में लोअर इश्केमिक तथा रक्तस्राव की घटनाओं में अल्पकालीन तथा दीर्घकालीन फालोअप के तहत प्राइमरी एंजियोप्लास्टी तथा इंट्रावेनस इनोक्सापेरिन या यूएफएच से उपचार कराया गया: अध्ययन पहला रैंडमाइज्ड, अनफ्रैक्शनेटेड हेपारिन :यूएफएच: तथा क्लेक्सेनलोवेनक्स :आर: के बीच शीर्ष तुलना करने वाला पहला अध्ययन है
यह अध्ययन एसटीसेगमेंट एलिवेशन मायोकार्डियल इनफार्कशन : एसटीईएमआई : संबंधित विषयों में प्राइमरी एंजियोप्लास्टी के लिए किया गया एटाल अध्ययन में आस्ट्रिया, फ्रांस, जर्मनी तथा अमेरिका सहित कई देशों के 31 केंद्रों से 910 विषयों को शामिल किया गया मरीजों को या तो कनकरंट जीपी सेकंडबीथर्ड उपचार से लैस यूएफएच फोर्थ बोलस : एसीटीएडजस्टेड :, 50-70आईयू प्रदान करने के लिए जीपी सेकंड बीथर्ड ट्रीमेंट के बगैर लक्षण प्रतीत होने के 24 घंटे के अंदर रैंडमाइज्ड तरीके से उपचार कराया गया या मानिटरिंग के बगैर उन्हें क्लेक्सेनलोवेनक्स :आर: : इनोक्सापेरिन : 0.50 मिग्राकिग्रा फोर्थ बोलस की खुराक दी गई एटाल अध्ययन का प्रायोजन एपीएचपी : एसिस्टेंस पब्लिकहोपिटाक्स डी पेरिस : द्वारा किया गया और इसे एपीएचपी द्वारा वित्तीय राशि उपलब्ध कराई गई इसके अलावा सनोफी एवेंटिस द्वारा अप्रतिबंधित शोध का अनुदान दिया गया
एसटीएलिवेशनमायोकार्डियल इनफार्कशन : एसटीईएमआई : के बारे में एसटीईएमआई कोरोनरी आर्टरी में व्यवधान तथा पूर्ण ब्लाकेज द्वारा पहचाने गए हृदयाघात के सर्वाधिक खतरनाक प्रकार में से एक गंभीर स्थिति है इस वजह से दुरुस्त होने वाला मायोकार्डियल डैमेज हो सकता है और इसके परिणामस्वरूप हृदय पेशियों : या मायोकार्डियल इश्केमिया : में रक्त की अपर्याप्त सप्लाई होने लगती है एसटीईएमआई को आम तौर पर ईसीजी में एसटी सेगमेंट के एलिवेशन द्वारा पहचाना जाता है जो संकेत देता है कि हृदय पेशियों के एक बड़े हिस्से में नुकसान पहुंचा है
प्राइमरी परक्यूटेनियस कोरोनरी इंटरवेंशन : पीसीआई : के बारे में प्राइमरी पीसीआई अक्सर प्राइमरी एंजियोप्लास्टी के तौर पर रेफर किया जाता है जिसमें ब्लाकेज साफ करने के लिए एक छोटे बैलून का इस्तेमाल करते हुए आर्टरी खोलने की प्रक्रिया अपनाई जाती है इस प्रक्रिया के दौरान कैथेटर को एक आर्टरी के साथ बांधा जाता है और कोरोनरी आर्टरी के उस क्षेत्र में रक्त नलिका के जरिये इसे प्रवाहित किया जाता है जहां ब्लाकेज बना होता है
कैथेटर के शीर्ष पर एक छोटा बैलून फुलाकर ब्लड वेसेल चौड़ा किया जाता है और हृदय तक रक्त प्रवाह को सुचारू किया जाता है अक्सर आर्टरी को खुला रखने के लिए इसमें धातु का एक छोटा मेटल मेश लगाया जाता है जिसे स्टेंट कहा जाता है
स्रोत : एसिस्टेंस पब्लिकहोपिटाक्स डी पेरिस पीआरन्यूजवायरएशियानेट : रंजन रंजन पीडब्ल्यूआर23 08311341 दि