डेक्सास: आर::रोफ्लूमिलास्ट: के डाटा विश्लेषण ने हानिकारक लंग अटैक में आई कमी को दर्शाया

 
 
22/09/2010 4:36:33:857PM
 
डेक्सास: आर::रोफ्लूमिलास्ट: के डाटा विश्लेषण ने हानिकारक लंग अटैक में आई कमी को दर्शाया
ज्यूरिख, 20 सितम्बर:पीआरन्यूजवायरएशियानेट:- –आज ही प्रकाशित वैश्विक सर्वेक्षण में पाया गया है एक्सस्र्बेशन्स को कमतर आंका गया:1: –सर्वे में पाया गया कि तीन तिहाई से भी ज्यादा मरीज एक्सस्र्बेशन्स:1: से पीड़ित थेइआरएस द्वारा जारी न्यू डाटा एनालिसिस ने डेक्सास : आर: :रोफ्लूमिलास्ट: को हानिकारक सीओपीडी : क्रोनिक आब्स्ट्रक्टिव प्लमनरी डिजिज : एक्सस्र्बेशन्स :2:की आवृत्ति को कम करने की क्षमता वाला दर्शाया वैश्विक स्तर पर चिकित्सकों और मरीजों के मध्य किये गये सर्वेक्षण को आज जारी किया गया जिसमें एक्सस्र्बेशन्स का : जिसे फेफड़े का दौरा से भी जाना जाता है:लम्बी अवधि तक : 12 महीने: प्रभाव अनुमान से कम करके आंका गया है। बावजूद इसके कि अस्पताल में भर्ती होने के बाद हार्ट अटैक के मुकाबले एक्सस्र्बेशन्स से होने वाली मौतों की दर बदतर थी
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सर्वेक्षण :हिडन डेप्थ आफ सीओपीडी: ने ये भी दर्शाया कि एक्सस्र्बेशन्स सीओपीडी मरीजों के लिए बड़ा मसला है, करीब 70 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने माना कि पिछले 12 महीनों में उन्हें एक्सर्बेशन्स का अनुभव हो चुका था।
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हिडन डेप्थ आफ सीओपीडी:सर्वेक्षण को नायकाम्ड के एक शैक्षिक शोध अनुदान द्वारा प्रायोजित किया गया था। सर्वेक्षण 14 देशों के 2,000 सीओपीडी मरीजों और इस परिस्थिति को नियंत्रित करने वाले 1,400 चिकित्सकों के बीच किया गया सर्वेक्षण से यह भी साफ हुआ कि एक्सस्र्बेशन्स मरीज के रोजमर्रा के कामों को भी व्यापक तौर पर प्रभावित करता है और उनके सामाजिक रहनसहन और पारिवारिक जीवन को भी गहरे प्रभावित करता है :4: ये मरीजों को बार बार चिकित्सीय सेवा लेने के लिए बाध्य करता है वैश्विक सर्वेक्षण बार्सिलोना में प्रस्तुत किये गये न्यू डाटा विश्लेषण यूरोपियन रेस्पेरेट्री सोसाइटी कांग्रेस 2010 के अनुरूप ही है जिसमें सीओपीडी मरीजों में हो रहे लगातार एक्सस्र्बेशन्स की स्थिति में जब मरीजों के वायुप्रवाह में भयंकर रूकावट पैदा हो रही थी, और पहले घोर ब्रोंकाइटिस की शिकायत थी, में डेक्सास:आर: के प्रभाव को परखा गया।
पाया गया कि प्लेस्बो के मुकाबले डेक्सास:आर: के प्रयोग से लगातार होने वाले एक्सर्बेशन्स दर में कमी आई और एक्सस्र्बेशन्स की समयावधि भी बढ़ गई इसमें ये भी दिखाया गया कि डेक्सास:आर: का फायदा उन मरीजों को ज्यादा हुआ जिनमें बारबार एक्सर्बेशन्स : एक साल में दो या तीन बार:का इतिहास था :2: यूनाइटेड किंग्डम के लंदन चेस्ट अस्पताल के प्रोफेसर नील बार्न्‍स ने बताया : हमारे सर्वे की रिपरेट बताती है कि मरीजों द्वारा नियंत्रित सीओपीडी की बात कहने और उनके वास्तविक तौर किए अनुभव में काफी अंतर है दो तिहाई मरीजों के ये मानने के बाद कि उनका सीओपीडी नियंत्रित है उनके एक्सस्र्बेशन्स की संख्या अच्छी खासी पाई गई और उन्हें बिना योजना के ही ईलाज कराना पड़ा ये घटनायें मरीजों के लिए अप्रिय और भयावह हो सकती है और जो इसे एक साल में कई बार झ्ेालते हैं के लिए विशेष तौर पर बोझिल हो सकते हैं : इआरएस में प्रस्तुत नवीन डाटा विश्लेषण में डेक्सास के तीसरे चरण का पोस्ट एचओसी विश्लेषण भी मौजूद था जिसमें पाया गया कि प्लेस्बो के मुकाबले डेक्सास का प्रयोग करने वाले कुछ मरीजों को ही लगातार एक्सस्र्बेशन्स की शिकायत हुई साथ ही पहले, दूसरे और तीसरे एक्सर्बेशन्स की समयावधि भी बढ़ गई
यूएसए के यूनिवर्सिटी आफ मिशीगन के प्रोफेसर फर्नांडो मार्टिन्ज ने कहा कि,:परिणाम बताते हैं कि सीओपीडी मरीजों में एक्सस्र्बेशन्स रोकने में, उनमें भी वो जिन्हें लगातार एक्सस्र्बेशन्स पड़ते हैं के लिए रोफ्यूमिलास्ट एक नया चिकित्सात्मक विकल्प है लगातार दौरे मरीजों की सेहत के साथ ही जीवन की गुणवत्ता भी बिगड़ती है और दीर्घकालिक रोग निदान को भी प्रभावित करता है इसलिए सीओपीडी प्रबंधन के लिए दौरों को कम करना अहम दक्ष्य बना हुआ है
नायकाम्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हकान जोरक्लूंड ने बताया :इआरएस के दौरान नये डाटा की घोषणा कर हमने गंभीर सीओपीडी की वजह से होने वाले एक्सस्र्बेशन्स को कम करने में प्रभावी डेक्सास की अहम भूमिका को रेखांकित किया जर्मनी में डेक्सास का शुभारंभ होने के साथ ही हम अगले 18 महीनों में डेक्सास का फायदा पूरे यूरोप के मरीजों और चिकित्सकों तक पहुंचाना चाहते हैं : डेक्सास :आर: रोफ्यूमिलास्ट को यूरोपियन यूनियन ने अनुमोदित कर दिया है और हाल ही में इसे जर्मनी में लांच किया गया है जहां नायकाम्ड और एमएसडी : अमेरिका के न्यूजर्सी के व्हाइट हाउस में इसका आधार है और ये कनाडा और यूएस में मर्क एण्ड कम्पनी.आईएनसी., नाम से जानी जाती है : संयुक्त रूप से इसकी मार्केटिंग करेंगे इस साल के अंत तक डेक्सास को अन्य यूरोपीय देशों में भी लांच किये जाने की योजना है। हिडन डेप्थ आफ सीओपीडी:सर्वे के बारे में सर्वे को निम्नलिखित वैज्ञानिक समिति ने डिजाइन किया है : –प्रोफेसर नील बार्न्‍स, यूनाइटेड किंग्डम स्थित लंदन चेस्ट हास्पिटल के कन्सलटेंट रेस्पिरेट्री फिजिशियनप्रोफेसर क्लास एफ रबे, नीदरलैण्ड के लीडन यूनविर्सिटी मेडिकल सेन्टर में नियमोलाजी विभाग के अध्यक्ष और पलम्नरी मेडिसन के प्रोफेसरप्रोफेसर पीटर कैल्वरली, यूनाइटेड किंग्डम के लीवरपूल यूनिवर्सिटी में रेस्पिरेट्री मेडिसन के प्रोफेसर और यूनिवर्सिटी के आन्त्रे अस्पताल के आनरी कंसलटेंट फिजिशियनडा.एलन कैप्लन, फैमिली फिजिशियन, टोरंटो विश्वविद्यालय के क्लिनिकल लेक्चरर रिचमण्ड हिल, आन्टारियो, कनाडा के फैमिली फिजिशियन एयरवेज ग्रुप आफ कनाडा :एफपीएजीसी: के अध्यक्ष सर्वे आईसीएम रिसर्च द्वारा कराया गया (http://www.icmresearch.co.uk) और नायकाम्ड के शैक्षिक अनुदान द्वारा प्रायोजित था
आईसीएम रिसर्च ने 14 देशों : ब्राजील, कनाडा, चीन, डेनमार्क, फ्रांस, जर्मनी, इटली, नीदरलैण्ड, पोलैण्ड, साउथ कोरिया, स्पेन, आस्ट्रेलिया, टर्की और यूके : के 2,000 सीओपीडी मरीजों के रैण्डम सैंपल और 1,400 चिकित्सकों का साक्षात्कार लिया गया रिसर्च 9 जुलाई से 2 सितम्बर 2010 के बीच कराया गया और आन लाइन सेल्फ कम्पलिशन सर्वे के लिए विभिन्न चिकित्सक और मरीज भी शामिल हुए, जिन्होंने हर मार्केट के 150 सीओपीडी मरीजों : डेनमार्क और टर्की के 100: और हरेक मार्केट के 100 चिकित्सकों को जो सीओपीडी मरीजों का उपचार कर रहे थे से सवाल पूछे उन मरीजों को विश्वास दिलाने के लिए कि उनमें सीओपीडी : क्रोनिक ब्रोंकाइटिस:एम्फेसिमा:सीओपीडी: के साथ ही दो अन्य सम्बधित लक्षण पाये गये हैं को भी स्क्रीन्ड किया गया उन चिकित्सकों को भी जिन्होंने हरेक महीने में कम से कम 20 मरीजों : श्वसन विशेषज्ञ: और 10 मरीजों : सामान्य चिकित्सकों : को देखा था भी स्क्रीन्ड किया गया
आईसीएम रिसर्च ब्रिटिश पोलिंग परषिद का सदस्य है और उनके नियमों का ही पालन करता है।
डेक्सास:आर:रोफ्लूमीलास्ट के बारे में डेक्सास:आर:रोफ्लूमीलास्ट मौखिक रूप से ली जाने वाली चयनित फोस्फोडाइस्टीरेस 4 :पीडीइ4:एन्जायम अवरोधक है, जो सीओपीडी से सम्बन्धित जलन को नये तरह के एक्शन :5: से खत्म करता है डेक्सास:आर: दिन में एक बार मौखिक रूप से लिये जाने वाली गंभीर सीओपीडी मरीजों के लिए उपचार के नये वर्ग की पहली दवा है और सीओपीडी मरीजों के लिए पहली बार ही मौखिक रूप से लिए जाने वाला जलन रहित ईलाज है
चार बड़े क्रमरहित प्लेस्बो नियंत्रित परीक्षण को जब प्रथम पंक्ति की थेरेपी से जोड़ा गया तो पाया गया कि रोफ्लयूमिलास्ट सार्थक रूप से एक्सस्र्बेशन्स को रोकता है और फेफड़े के फंक्शन को सुधारता है समान्य तौर पर डेक्सास :आर:सहनीय है
सीओपीडी के चिकित्सीय परीक्षण में 12,000 मरीजों को शामिल किया गया, जिनमें इसका सबसे ज्यादा प्रतिकूल रिएक्शन डायरिया : 5.9 प्रतिशत:, वजन में कमी आना:2.9 प्रतिशत:, पेट दर्द:1.9 प्रतिशत: और सिरदर्द :1.7 प्रतिशत :के रूप में रिपोर्ट किया गया अधिकतर ये रिएक्शन्स मामूली या सामान्य से थे ये रिएक्शन पहले हफ्ते की थेरेपी के दौरान दिखे और जिन्हें निरंतर उपचार से स्थिर भी कर लिया गया
सीओपीडी मरीजों के लिए अन्य औषधीय उपचार मुंह से खिंचा जाने वाला ब्रांकोडायलेटर्स और कार्टिकोस्टिरियौइड के रूप में उपलब्ध है
सीओपीडी के बारे में : अभी तक सीओपीडी एक ऐसा अहम क्षेत्र बना हुआ है जिसकी मेडिकल जरूरतें पूरी नहीं हो पा रहीं हैं ये लगातार बढ़ने और स्थिर रहने वाला फेफड़े का रोग है जिसमें लोगों को सांस लेने में तकलीफ होती है एक्सर्बेशन्स या फेफड़े का दौरा ही इसका लक्षण बताता है
ज्यूरिख विश्व स्वास्थ्य संगठन का अनुमान है कि दुनियाभर में करीब 80 मिलियन लोग मध्यम या फिर गंभीर सीओपीडी से पीड़ित हैं साल 2005 में सीओपीडी से करीब 3 मिलियन लोगों की मौत हुई जो कि वैश्विक तौर पर होने वाली कुल मौतों का पांच प्रतिशत है डब्ल्यूएचओ ने आगाह किया है कि अगर इसके जोखिम को कम करने के लिए विशेष रूप से धुम्रपान जैसे कारकों को रोकने के लिए अति आवश्यक कदम नहीं उठाये गये तो अगले दस साल में सीओपीडी से मौतों की कुल संख्या 30 प्रतिशत से भी ज्यादा हो जायेगी।
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देखें (see http://www.who.int/respiratory/copd/burden/en/index.html)

नायकाम्ड के बारे में नायकाम्ड वैश्विक स्तर पर जानी जाने वाली निजी स्वामित्व की फार्मास्यूटिकल कम्पनी है जिसके विभेदित पोर्टफोलियो में गेस्ट्रोएन्ट्रोलाजी, श्वास संबंधी और इनफ्लेमेट्री रोग, दर्द, आस्टियोपीरोसिस और टिश्यू प्रबंधन के लिए ब्राण्डेड दवाओं पर फोकस करना है।
इसका आर एण्ड डी हिस्सेदारी पर आधारित है और इनलाइसेंसिग कम्पनी के विकासीय रणनीति की आधारशीला है
नायकाम्ड के दुनियाभर में 12,000 सहयोगी हैं और इसके उत्पाद 100 देशों में उपलब्ध हैं इसे यूरोप और तेजी से उन्नति कर रहे रूसी:सीआईएस और लेटिन अमेरिकी मार्केट में मजबूत मंच मिला हुआ है जहां यूएस और जापान अपने वर्ग के सर्वोत्तम पार्टनर्स के जरिये पूरे तरह से व्यावासायिक हो गये हैं वहीं नायकाम्ड अब मुख्य एशियाई मार्केट में अपनी स्थिति को मजबूत करने की जुगत में है
इसका मुख्य कार्यालय ज्यूरिख, स्विजरलैण्ड में है और कम्पनी ने वर्ष 2009 में अपनी सेल से कुल 3.2 बिलियन यूरो उत्पन्न किया और 1.1 बिलियन यूरो को इबीआईटीडीए में समायोजित कर लिया
ज्यादा जानकारी के लिए http://www.nycomed.com पर जायें हिडन डेप्थस आफ सीओपीडी सर्वे. नायकाम्ड डाटा की फाइल. सितम्बर 2010 :2: बेटमेन , कैल्वरली पीएमए, फैबरी एलएम इटी एएल. लगातार एक्सस्र्बेशन्स के इतिहास वाले मरीजों पर रोफ्यूमिलास्ट का प्रभाव: 12 महीने के आधारभूत अध्ययन के बाद पूल्ड डाटा बना इसके सार को यूरोपियन रेस्पिरेट्री सोसाइटी एनुअल कांग्रेस में प्रस्तुत करने को मिली स्वीकृति, जिसका आयोजन 18-22 सितम्बर 2010 के बीच बार्सिलोना, स्पेन में किया गया था :3: हेल्पिन डी, सीओपीडी में मृत्यु दर : अपरिहार्य या निवारणीय :अंतदृष्टि कार्डियोवैस्कुलर अरिना.जे क्रोन द्वारा आब्सट्रक्ट पल्म डिस 2008 : 5:3:187-200 :4: विल्किन्सन टीएमए, डोनाल्डस्न जीसी, हर्स्ट जेआर इटी एएल प्रारंभिक चिकित्सा के दौरान ही क्रोनिक आब्सट्रक्टिव पल्मनरी रोग में एक्सर्बेशन्स की स्थिति सुधरी. एम जे रेसपायर क्रिट केयर मेड 2004: 169: 1298-1303

तेरह अंतिम ज्यूरिख :5:हेट्ज्लमैन , मार्सिलो इजे, लंग्रेला जी, इटी एल. रोफ्लयूमिलास्ट की प्रीक्लीनिकल फार्माकोलाजीचयनित मुंह से लिया जाने वाला फौसफोडाईटरेस 4 क्रोनिक आब्स्ट्रक्टिव पल्मनरी डिजिज को बढ़ाने में अवरोधक, पल्मनरी फार्माकोलाजी एण्ड थेरेपिटिक्स :2010: डीओआई : 10.1016: जे.पीयूपीटी.2010.03.011 डेक्सास:आर: की मार्केटिंग जापान में नहीं होती है।
ज्यादा जानकारी के लिए मिडिया: सामान्य फोन : 41-44-555-15-10 बिएट्रिक्स बेन्ज, फोन: 41-79-218-98-24 तोबायस काटमैन, फोन 41-79-217-72-52 निवेशक : क्रिस्टियन बी.सिडलीन, फोन : 41-44-555-1104 स्रोत:नायकाम्ड पीआन्यूजवायर:एशियानेट:किरण अमर पीडब्ल्यूआर13 09221350 दि
 

 
 
 

 
 
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